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बिहारपुर वन परिक्षेत्र में ईंट भट्ठों की आड़ में जंगलों का सफाया, वन विभाग की 'चुप्पी' पर उठे सवाल।

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ओडगी रेंज में जंगलों की अंधाधुंध कटाई : रेंजर के आते ही लकड़ी तस्करी कारोबार बढ़ गया है

Pappu Jayswal

Sun, Nov 30, 2025

सूरजपुर. जिले के ओडगी रेंज के जंगलों में इन दिनों अवैध कटाई और लकड़ी तस्करी तेजी से बढ़ रही है। ओडगी मुख्यालय से कुछ ही दूरी पर स्थित ग्राम खर्रा में कीमती पेड़ों के कटान और वहीं स्थानीय स्तर पर पलंग, दीवान, सोफा और अन्य फर्नीचर के अवैध निर्माण ने वन विभाग की कार्यशैली पर गंभीर प्रश्न खड़े कर दिए हैं। मौके पर पड़े भारी-भरकम लकड़ी के लट्ठे, चिरे हुए तख्ते और तैयार होते फर्नीचर संकेत देते हैं कि यहां लंबे समय से अवैध कारोबार चल रहा है। ग्रामीणों के अनुसार जिस व्यक्ति द्वारा खर्रा गांव में बड़े पैमाने पर फर्नीचर बनाया जा रहा है, उसके पास किसी भी प्रकार का वैध लाइसेंस नहीं है। यह अवैध गतिविधि न सिर्फ वन संपदा की बर्बादी है बल्कि कानून का खुला उल्लंघन भी है।

वन विभाग की चुप्पी पर सवाल—रेंजर फोन तक नहीं उठाते

ग्रामीणों ने कई बार वन विभाग को शिकायत की, लेकिन उनका कहना है कि संबंधित रेंजर फोन तक रिसीव नहीं करते।ऐसे में सवाल उठना कि आखिर इतनी बड़ी मात्रा में लकड़ी कैसे कट रही है और परिवहन कैसे हो रहा है, जब विभाग की निगरानी पूरी तरह मौजूद है? अब आलम यह है कि लफरी वॉटरफॉल क्षेत्र में भी पेड़ो की कटाई जोरो पर है इस चर्चित पर्यटन स्थल लफरी वॉटरफॉल भी इस अवैध कटाई की मार झेल रहा है। इस वॉटरफॉल क्षेत्र के आसपास लगातार पेड़ गिराए जा रहे हैं अक्सर रात में लकड़ी काटने की आवाजें सुनाई देती हैं और दिन में कई बार लकड़ी से भरी गाड़ियाँ गुजरती देखी जाती हैं। इससे न केवल पर्यावरण का संतुलन बिगड़ रहा है, बल्कि वॉटरफॉल की प्राकृतिक सुंदरता भी खतरे में पड़ रही है। पर्यटन पर भी इसका सीधा असर पड़ सकता है।

वन विकास निगम की भूमिका संदिग्ध?

जमीनी स्तर पर विभाग के सक्रिय न होने को लेकर लोगों में चर्चा है कि कहीं न कहीं वन विभाग या वन विकास निगम की मौन सहमति तो नहीं है। ग्रामीणों का कहना है कि जब तक विभाग की नाकामी या लापरवाही न हो, इतना बड़ा अवैध कारोबार लंबे समय तक चल ही नहीं सकता।

डिप्टी रेंजर का बयान — आदेश मिलते ही कार्रवाई

वन विकास निगम ओडगी के डिप्टी रेंजर मनोज करियम ने बताया कि उन्होंने इस मामले में डीएफओ को आवेदन भेजा है। आदेश प्राप्त होते ही अवैध कटाई स्थल पर सर्च ऑपरेशन चलाया जाएगा और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी।

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