: 11 हाथियों का दल शाम ढलते NH पर पहुचा...
Fri, Oct 6, 2023
उदयपुर. 11 हाथियों के दल को उदयपुर वन परिक्षेत्र में विचरण करते हुए NH पर पहुचा. इस दौरान कई घंटो तक मार्ग अवरुद्ध रहा. हाथियों को भगाने में वन अमला लगा हुआ है. दरअसल उदयपुर वन परिक्षेत्र में विचरण करते 11 हाथियों का दल को एक माह हो गया है। हाथियों ने शुक्रवार को शाम ढलने से पहले ही चार बजे करीब पतरापारा जंगल को पार कर अलकापुरी होते हुए जजगी जंगल पहुंचे इस दौरान बस्ती जाने से पहले हाथियों ने जजगी केदमा मार्ग पर तीन से चार बार मुख्य सड़क पर आ गए । हाथियों के सड़क पर दिन में ही निकलने की सूचना पर लोग देखने दौड़ पड़े। वन अमला की चेतावनी को दरकिनार कर अपनी जान को जोखिम में डाल हाथियों के बिलकुल नजदीक जाकर फोटो और वीडियो बनाने लगे। गजराज वाहन के माध्यम से तथा मैदानी वन अमला द्वारा लोगों को काफी मशक्कत के बाद हाथियों से दूर भेजा जा सका। हाथियों का दल जजगी कक्ष क्रमांक 2027 में धान की फसलों को नुकसान किये है। वन अमला की टीम रेंजर गजेंद्र दोहरे के मार्गदर्शन में डिप्टी रेंजर रमेश सिंह, वन पाल चंद्रभान सिंह, परमेश्वर सिंह, वन रक्षक संतोष, राजेश, आरमों, धनेश्वर, प्रवीण शर्मा, रेलुस खेस सुरक्षा श्रमिक कृष्णा सक्रिय है ।
शाम होते NH 130 पर पहुचे हाथी...
शाम होते हाथियों का दल राष्ट्रीय राजमार्ग क्रमांक 130 पर आ गया है जजगा मंदिर के समीप 11 हाथियों का दल आ धमाका इस दौरान आधा घंटा तक राजमार्ग पर आवाजाही बंद थी. हाथियों के राजमार्ग से जाते ही फिर से आवागमन बहाल हो सका ।
: पिकअप ने 5 को रौंदा, नाबालिक बच्चों की हुई मौत...
Fri, Sep 22, 2023
उदयपुर. सरगुजा के उदयपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत केदमा रोड पर एक पिकअप वाहन ने कई लोगों के साथ दुर्घटना कर फरार हो गया जिसमें एक 11 वर्ष का नाबालिक बच्चे की मौत हो गई है l मामला उदयपुर के नजदीक ग्राम पुटा में शाम को कुमदेवा निवासी रामविलास अग्रवाल का पिकअप क्रमांक सीजी 15 ए 5767 के चालक के द्वारा तेज रफ्तार से गाड़ी चलाते हुए ग्राम बैगापारा, सरना के जाते हुए बाइक सवार दलसाय तेज रफ्तार पिकअप से बचने के चक्कर में खेत में जा गिरा. पिकअप दो मोटरसाइकिल में रामनगर के माया सिंह पिता चेतन 24 वर्ष एवं बलू 19 वर्ष का आमने-सामने भिड़ंत होने के कारण पैर टूटने एवं गंभीर चोटें आने से हालत गंभीर हो गई मोटरसाइकिल का भी भारी नुकसान हुआ. पिकअप चालक ने कई राहगीरो को सड़क पर परेशान करते हुए ग्राम सानीबररा में गणेश विसर्जन देखकर जा रहे लक्ष्मणगढ़ के तीन बच्चों को पिंटू पिता बुदरु 18 वर्ष ठिभू पिता बुदरु 14 वर्ष विकेश पिता सोनेलाल 11 वर्ष को रौंदते हुए फरार हो गया. जिससे तीनों बच्चों का पैर कई जगहों पर टूट गया एवं गंभीर चोटे आई उदयपुर से आ रहे पत्रकार नेपाल यादव के द्वारा एंबुलेंस ना मिलने की वजह से अपनी गाड़ी स्कॉर्पियो में तीनों बच्चों को अस्पताल ले गए. युवा नेता मनीष पांडे को जानकारी मिलने पर उन्होंने उदयपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचकर डॉक्टरो को तैयार कर मरहम पट्टी करा कर एंबुलेंस का व्यवस्था कराया गंभीर स्थिति को देखते हुए अंबिकापुर रेफर किया गया. जिला अस्पताल पहुंचते के साथ विकेश कुमार मौत हो गया और चार का हालत गंभीर है इधर पुलिस टीम एवं हाथी विचरण क्षेत्र में नाकाबंदी कर ड्यूटी कर रहे फॉरेस्ट की टीम के द्वारा फरार हो रहे पिकअप चालक को अफरा-तफरी में सुखरीभंडार के हनुमान मंदिर पास पकड़ा गया. मौके पर लोगो की संख्या में भीड़ जमा हो गई और विवाद की स्थिति निर्मित होने पर पहुंची पुलिस टीम ने पिकअप एवं चालक को थाने ले गई. प्रशासन नाबालिक पढ़ने वाले बच्चे के परिवार को क्या मदद करती है और तेज रफ्तार पिकअप चालक पर क्या कार्रवाही करती हैl
: कोल खदान का विरोध और समर्थन..? शक्ति प्रदर्शन दिखाने की कोशिश...
Thu, Sep 21, 2023
उदयपुर. विकास खंड उदयपुर अंतर्गत आने वाले ग्राम परसा स्थित परसा ईस्ट एवं केते बासेन कोल खदान के समर्थन और विरोध प्रदर्शन करने वाले लोगों ने प्रदर्शन करने की कोशिश को प्रशासन की सजगता और पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती से दोनों ही पक्षों के बीच टकराव होने से बच गया। विदित हो कि परसा कोल खदान के विरोध में सैकड़ों ग्रामीण विगत 02 मार्च 2022 से ग्राम फतेहपुर में अपना आंदोलन जारी रखे हुए है। हसदेव अरण्य बचाओ संघर्ष समिति के बैनर तले आयोजित उक्त आंदोलन को देश विदेश के लोगों का ध्यान अपनी ओर खींचा है। खदान के विरोध में बैठे लोगों ने चर्चा के दौरान बताया की जल जंगल जमीन को बचाने हम ग्रामीणों का संघर्ष लगातार जारी है शासन द्वारा परसा खदान निरस्त करने का लिखित आश्वासन के बाद ही आंदोलन समाप्त होगा। बुधवार को खदान विरोधी सैकड़ो लोगों ने धरना स्थल से साल्ही मोड़ तक आयोजन रैली को तहसीलदार सुश्री चंद्रशिला जायसवाल, एस डी ओ पी अखिलेश कौशिक और थाना प्रभारी निरीक्षक कुमारी चंद्राकर ने रैली को धरना स्थल से कुछ दूरी पर रोक कर उन्हे धरना स्थल वापस भेज` दिया. जहां प्रदर्शनकारियों ने आम सभा का आयोजन कर किसी भी स्थिति में परसा कोल खदान नहीं खुलने देने की बात कही है। वहीं दूसरी ओर खदान के समर्थकों ने भी बुधवार को ही एक कार्यक्रम का आयोजन कर रैली निकलने की प्रयास की गई तो वही पुलिस प्रशासन ने समर्थकों के मंसूबो पर पानी फेर दिया। कोल खदान का समर्थन करने वाले ने बताया कि आने वाले 1 अक्टूबर से कोल खदान का संचालन पूरी तरह से बंद हो जाएगा जिससे यहां हजारों लोग बेरोजगार हो जाएंगे लोगों के समक्ष रोजी-रोटी का संकट उत्पन्न हो जाएगा इसलिए हम कोल खदान में काम करने वाले लोग अपनी आजीविका को बचाने और खदान का निरंतर संचालन जारी रखने के उद्देश्य से उक्त धरना प्रदर्शन और आंदोलन विगत तीन माह से साल्ही मोड़ पर कर रहे हैं, परंतु प्रशासन द्वारा अभी तक इस ओर कोई कार्यवाही नहीं की गई है। गौरतलब है कि शासन द्वारा परसा ईस्ट एवं केते बासेन कोल परियोजना राजस्थान राज्य विद्युत उत्पादन निगम लिमिटेड को दी गई है जिसका संचालन अदानी कंपनी के माध्यम से किया जा रहा है।