: जिले में बढते कोरोना की रफ्तार से प्रशासन हुआ बेलगाम...जमकर भाजी गई लाठिया...कराई उठक-बैठक..आरोप-नगर में खुले आम प्रशासनिक गुण्डागर्दी.. नगरवासी है दहशत में...
Admin
Sat, May 22, 2021
खुद कलेक्टर ने युवक को मारा चाटा, मोबाईल को भी तोडा....जरुरतमंदो लोगो पर निकाला गया भडास..टीकाकरण करा कर लौट रही युवतियो से की दुर्यव्यव्हार....चल निकल..मारो एफआईआर दर्ज करो…..
राजेश सोनी
सूरजपुर. जिले में कोरोना की दूसरी लहर इस कदर बेकाबू है कि प्रतिदिन न केवल संक्रमितों की संख्या बढ़ रही है बल्कि मौत के आंकड़े भी लोगो को डरा रहे है.13 अप्रैल को लगाये गये लाक डाउन मे 38 दिनो में 159 लोेगो की मौत कोरोना संक्रमण से हो गई है. और रोजाना औसत 400 से अधिक कोरोना सक्रमित मिल रहे है. सूरजपुर जिला प्रदेश में कोरोना संक्रमितो की संख्या में कई बार अव्वल आ भी चुका है और आने की कतार में रहता है. जिले के लचर स्वास्थ व्यव्स्था को सुधारने के लिये जिला प्रशासन सख्त रुख अपनाते प्रशासनिक अधिकारियों की व चिकित्सको की डयूटी तो लगाई थी फिर भी मौत की रफ्तार कम ना होता देख आज जिले के मुखिया स्वंम नगर डंडे के साथ चौक पर तैनात हो गये और आने जाने वालो की जमकर क्लास ले ली और इस क्लास में कई जरुरतमंद लोग भी सपडा गये. एक किशोर कोविड अस्पताल में दाखिल अपनी दादी के लिये भोजन लेकर जा रहा था जिसके साथ जमकर नाइंसाफी हो गई भोजन उसके हाथ से लेकर फेक दिया गया साथ मारपीट करते हुये जिले के मुखिया ने मोबाइल तोड दिया और उसकी बाईक को जप्त कर लिया गया. इसी तरह एक बालक व अन्य जरुरतमंदो के साथ जमकर मारपीट कर उठक बैठक करा प्रशासन अपनी खीज उतार रहा है. उल्लेखनिय है कि लगातार जिले में कोरोना की गति थमने का नाम नही ले रही है प्रशासन अब लाठी के दम पर कोरोना महामारी को दुर करने का प्रयास किया जा रहा है जिसका जीता जागता उदाहरण आज जिला मुख्यालय में देखने को मिला जब जिले के दण्डाधिकारी स्वंम दण्ड लेकर मैदान में कुद पडे और उन्होने अपनी गरिमा मर्यादा को सब को दर किनार करते हुये निरीह लोगो पर डंडा बरसाते हुये उनका विडियो बनवाकर सोशल मिडिया में भी अपलोड करा दिया गया ताकि वे लोग अपनी इज्जत का जनाजा निकलते स्वंय देखकर जिल्लत भरी जिंदगी जीने को मजबुर हो जाये. जिले के कलेक्टर रणबीर शर्मा के द्वारा मारपीट किये जाने के दौरान अपनी भाषा को भी सयमित नही रख सके और बहुत ही निम्न स्तर की भाषा का प्रयोग करते दिखे. इस दौरान कई सभ्य घरो की महिलाये जो टीका लगवा कर लौट रही थी वे भी कलेक्टर के गुस्से का शिकार हो गई उनसे भी बहुत अमर्यादित शब्दो से बात की गई तो एकदम से वे भी बोल उठी की एक बहुत ही वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी से ऐसी उम्मीद नही थी.

ये कैसा इंसाफ जब न्याय देने वाला ही अन्याय करने लगे तो जनता क्या करे
जिले जनप्रतिनिधि पक्ष विपक्ष सब शुन्य है इस जिले के लोगो को अपने हाल पर मरने के लिये शायद छोड दिया है सत्ता पक्ष और विपक्ष के जनप्रतिनिधि जो सभी मंत्री के रुप में जिले को एक सौगात के रुप मंे मिले थे जिले की जनता ने हर्षित थी अब जिले का चहुमुखी विकास देखने को मिलेगा.किन्तु मिला क्या यह जग जाहिर है जिले की आम लोग त्राहि त्राहि कर रही है परंतुु एक भी जनप्रतिनिधि उनकी खैरियत तक पुछने वाला नही है और जब जनप्रतिनिधि शुन्य हो गये हो इस मौके का लाभ उठाकर प्रशासन जिले में सेना की तरह शासन चलाना चाह रही है साथ ही डंडे के दम पर अब कोरोना को रोकेगे क्योकि प्रशासन चिकित्सको के सामने कोविड मरीजो के उपचार ना करने पर नतमस्तक है.

प्रदेश के सत्ताधारी दल और विपक्ष को भीड करने की है पुरी आजादी
जिला मुख्यालय मे आये दिन काग्रेस व भाजपा के द्वारा भीड भाड के कार्यक्रम किये जा रहे है उन सभी कार्यक्रमो में प्रशासनिक अधिकारी और पुलिस की मौजुदगी रहती है किन्तु वे मुकदर्शक बने रहते है कार्यक्रम में नेतागण ना तो सोशल डिस्टेसिंग का पालन करते है तब कहा गया शासन का नियम बगैर मास्क चालान की कार्यवाही सिर्फ और सिर्फ जितनी भी कार्यवाही होती है वह गरीब बेबस लाचार लोगो के लिये ही होती है जबकि जिले में धारा 144 लागु है उपर से लाक डाउन है जारी आदेश में किसी तरह की राजनैतिक कार्यक्रम पर पुर्ण पाबंदी है इसके बावजुद खुलेआम कार्यक्रम आयोजित किये जा रहे है.

मारपीट की घटना की गई निंदा
आज जिले के मुखिया के द्वारा नगर के सुभाष चौक पर की गई खुले आम गुण्डागर्दी की कई राजनैतिक समाजिक संगठनो के लोगो ने निंदा की है भाजपा जिलाध्यक्ष बाबुलाल अग्रवाल ने आज की कार्यवाही को प्रशासनिक आंतकवाद करार देते हुये लाठी के दम पर कोरोना दुर करना बताया तो वही पूर्व गृहमंत्री रामसेवक पैकरा ने जिले के मुखिया के इस कृत्य की भत्र्सना की है साथ ही चेतावनी दी है कि अगर ऐसा रहा तो सडक पर उतरकर आंदोलन करने को बाध्य होगे इसके अलावा सोशल मिडिया पर भी लोगो ने जिले के मुखिया के इस कृत्य की निंदा करते हुये जमकर आलोचना कर रहे है.
सुभाष चौक पर हुआ किन्नरो का लाक डाउन डास
जिले के मुखिया के द्वारा जमकर मारपीट करने के बाद और उनके वहा से चले जाने के बाद किन्नरों से भरी एक वाहन पहुची जिसे नगर निरिक्षक ने रुकवाकर उसी अंदाज में बात की तो किन्नर वही पर गोलघेरा बनाकर डांस करते हुये नगर निरिक्षक को सबक सिखाते हुये निकल पडे.
विज्ञापन
विज्ञापन